Headlines
घर का भेदी लंका ढाए का अर्थ और वाक्य मे प्रयोग व निबंध

घर का भेदी लंका ढाए का अर्थ और वाक्य मे प्रयोग व निबंध

घर का भेदी लंका ढाए मुहावरे का अर्थ ghar ka bhedi lanka dhaye muhavare ka arth – आपसी फूट से भेद खुलना । दोस्तो आपको पता होगा की जब श्री राम रावण से युद्ध कर रहे थे तो रावण पर राम ने अनेक प्रहार किए फिर भी रावण की मृत्यु नही हुई थी । क्योकी…

Read More
जान बची तो लाखों पाए का मतलब और वाक्य व कहानी

जान बची तो लाखों पाए का मतलब और वाक्य व कहानी

जान बची तो लाखों पाए मुहावरे का अर्थ jaan bachi to lakho paye muhavare ka arth – मुसीबत से बच निकलना । दोस्तो ‌‌‌जब कोई व्यक्ति किसी मुसीबत मे फस जाता है तो वह व्यक्ति उस मुसीबत से निकलने ‌‌‌की बहुत कोशिश करता है । इस कारण से वह अपने पास जो भी होता है…

Read More
अकल बड़ी या भैंस का मतलब और वाक्य मे प्रयोग व निबंध

अकल बड़ी या भैंस का मतलब और वाक्य मे प्रयोग व निबंध

अकल बड़ी या भैंस मुहावरे का अर्थ akal badi ya bhains muhavare ka arth – बुद्धि शरीरिक ‌‌‌शक्ति से कई गुना श्रेठ होती है । दोस्तो ‌‌‌जब कोई व्यक्ति दिखने मे बहुत बलवान हो तब वह अपने आप को दुसरो की तुलना मे काफी अधिक बडा मानने लगता है । परन्तु मानव बलवान से नही…

Read More
जितने मुँह उतनी बातें मुहावरे का अर्थ और वाक्य मे प्रयोग

जितने मुँह उतनी बातें मुहावरे का अर्थ और वाक्य मे प्रयोग

जितने मुँह उतनी बातें मुहावरे का अर्थ jitne munh utni baten muhavare ka arth – अनेक प्रकार के कथन होना । दोस्तो हर कोई व्यक्ति ‌‌‌एक जैसा नही होता है । अगल अलग व्यक्ति अपने विचारो को अलग रखते है और अलग अलग तहर से कार्य करते है । इस बिच मे जो भी कोई…

Read More
खाली दिमाग शैतान का घर का मतलब और वाक्य मे प्रयोग

खाली दिमाग शैतान का घर का मतलब और वाक्य मे प्रयोग

खाली दिमाग शैतान का घर मुहावरे का अर्थ khali dimag shaitan ka ghar muhavare ka arth – खली बैठने से अनेक तरह की ख़ुराफ़ात सुझती है । दोस्तो अगर कोई व्यक्ति पूरे दिन खली बैठता है कोई काम नही करता है तो उसके दिमाग मे अनेक तरह की बाते चलने लगती है । जिसके कारण…

Read More
जैसी करनी वैसी भरनी का अर्थ और वाक्य में प्रयोग और कहानी

जैसी करनी वैसी भरनी का अर्थ और वाक्य में प्रयोग और कहानी

जैसी करनी वैसी भरनी मुहावरे का अर्थ jaisi karni waisi bharni muhavare ka arth – जो व्यक्ति जैसा कार्य करगा उसे फल भी वैसा ही प्राप्त होता है । दोस्तो जो व्यक्ति बुरा होता है वह बुरे ही कार्य करता है और अपने कार्य पर खुश होता रहता है । परन्तु समय के साथ उस…

Read More
अपनी करनी पार उतरनी का मतलब और वाक्य में प्रयोग

अपनी करनी पार उतरनी का मतलब और वाक्य में प्रयोग

अपनी करनी पार उतरनी मुहावरे का अर्थ apani karni par utarni muhavare ka arth – अपने कर्म ‌‌‌के अनुसार फल प्राप्त होना । दोस्तो आपने सुना होगा की तुम जैसा करोगे तुम्हे वैसा ही फल प्राप्त होगा । यानि तुम जो कार्य कर रहे हो वह कर्म होता है और कर्म अगर ‌‌‌अच्छा है तो…

Read More
जंगल में मोर नाचा, किसने देखा का मतलब और वाक्य मे प्रयोग

जंगल में मोर नाचा, किसने देखा का मतलब और वाक्य मे प्रयोग

जंगल में मोर नाचा, किसने देखा मुहावरे का अर्थ jungle me mor nacha kisne dekha muhavare ka arth – गुणों का प्रदर्शन अनुपयुक्त स्थान पर करना । दोस्तो आज के समय मे ‌‌‌जिस व्यक्ति मे कोई गुण होता है वह व्यक्ति बहुत ही महाना समझा जाता है । ‌‌‌जिसके कारण से उस व्यक्ति के गुणों…

Read More
जंगल में मोर नाचा, किसने देखा का मतलब और वाक्य मे प्रयोग

एक तो करेला दूजे नीम चढ़ा का मतलब और वाक्य व निबंध

एक तो करेला दूजे नीम चढ़ा मुहावरे का अर्थ ek to karela dooja neem chadha muhavare ka arth – बुरे व्यक्ति ‌‌‌का बुरी संगति मे पडने से और ‌‌‌बुरा बनना । दोस्तो आपको पता है की करेला बहुत ही कडवा होता है । जिसके कारण से उसे हर कोई पंसद नही करता है । इसी…

Read More
अब पछताए होत क्या जब चिड़िया चुग गई खेत मुहावरे का अर्थ और वाक्य में प्रयोग व कहानी

अब पछताए होत क्या जब चिड़िया चुग गई खेत मुहावरे का अर्थ और वाक्य में प्रयोग व कहानी

अब पछताए होत क्या जब चिड़िया चुग गई खेत मुहावरे का अर्थ ab pachtaye hot kya jab chidiya chug gayi khet muhavare ka arth – समय बित जाने पर पछताना बेकार (व्यर्थ) है । दोस्तो जब खेत मे बिज बोते है तो चिडिया अपना पेट भरने के लिए उन बिज को खाने लगती है ।…

Read More