अब पछताए होत क्या जब चिड़िया चुग गई खेत मुहावरे का अर्थ और वाक्य में प्रयोग व कहानी
अब पछताए होत क्या जब चिड़िया चुग गई खेत मुहावरे का अर्थ ab pachtaye hot kya jab chidiya chug gayi khet muhavare ka arth – समय बित जाने पर पछताना बेकार (व्यर्थ) है । दोस्तो जब खेत मे बिज बोते है तो चिडिया अपना पेट भरने के लिए उन बिज को खाने लगती है ।…