भदौरिया कौन सी कास्ट में आते है? इतिहास | bhadoriya kis cast mein aate hain | bhadoriya belong to which caste?
दोस्त, भदौरिया असल में कोई जाति नही, बल्की यह एक उपनाम होता है। और भारत में भदौरिया उपनाम को किसी खास जाति का हिस्सा माना गया है।

भदौरिया कौन होते है?
दोस्त, भारत में कई जातियां है, और प्रत्येक जाति में कई गोत्र होते है। और उन गोत्र में से ही एक भदौरिया गोत्र है। जो की आज भारत मे किसी खास जाति का हिस्सा रहा है।
इस भदौरिया गोत्र में जो लोग आते है, उन्हे मुख्य रुप से भदौरिया कहा जाता है। इस गोत्र के पुरुष आमतौर पर धोती या पायजामा के साथ अंगरखा पहनते हैं। और विशेष अवसर पर शेरवानी तब पहनते है। सिर पर अपने पगड़ी लगाते है।
वही पर महिलाएं मुख्य रूप घाघरा, कुर्ती कांचली , और एक बहने वाला ओढ़ना (दुपट्टा/घूंघट) पहनती है। आभूषण के रुप में भदौरिया समुदाय की महिलाए चूड़ियां, पायल, और गले के हार पहनती है। और इन पुरुष व महिला व बच्चों को ही भदौरिया कहा जाता है क्योकी हय भदौरिया गोत्र मे आते है।
भदौरिया किस जाति में आते है?
दोस्त, भदौरिया गोत्र असल में राजपूत जाति में आता है। और इन्हे क्षत्रिय वर्ण में सामिल किया गया है। ध्यान रहे किी यह राजपूतों मे हान राजपूतों की एक शाखा हैं, जो की खुद अग्निवंशी क्षत्रिय माने जाते हैं।
भदौरिया गोत्र के लोग कई अलग अलग राज्यो मे राजपूत जाति में सामिल किया गया है। और भदौरिया नाम असल में आगरा के पास स्थित ऐतिहासिक ‘भदावर’ क्षेत्र के नाम पर पड़ा है, और फिर इसे भदौरिया कहा जाने लगा ।
भदौरिया कैटेगरी या कास्ट में आते है?,
दोस्त, भदौरिया समुदाय को अपने भारत में दो कैटेगरी में सामिल किया जा सकता है जो कुछ ऐसे है,
- अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) में,
दोस्त, भदौरिया वंश असल में राजपूत जाति के क्षत्रिय माने जाते है। ओर अपने भारत मे अधिकरत राजपूतों को अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) में ही सामिल किया गया है। इसलिए भदौरिया भी अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) में आते है। हालाकी राज्य सरकार की सूची की बात करे तो वहां पर भी भदौरिया समुदाय को अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) में सामिल किया गया है।
हालाकी दोस्त, ध्यान रहे कि भारत में भदौरिया समुदाय भदावर क्षेत्र ( यानि आगरा, इटावा, भिंड, धौलपुर) से जुडा है। और यहां पर राजपूत समुदाय को अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) में सामिल किया जाता है इसलिए भदौरिया समुदाय को अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) की श्रेणी का हिस्सा माना गया है।
- सामान्य कैटेगरी (General Category) में,
दोस्त, भारत के कुछ राज्यों मे राजपूत जाति को सामान्य कैटेगरी (General Category) में भी सामिल किया गया है। और भदौरिया गौत्र राजपूत जाति से जुडा है। इसलिए ऐसा कहा जाता है कि किन्ही राज्यों में भदौरिया गोत्र सामान्य कैटेगरी (General Category) में सामिल हो सकता है।
इस तरह से भदौरिया कुल कि कैटेगरी राज्य के अनुसार भिन्न हो सकती है।
भदौरिया का पारंपरिक व्यवसाय क्या होता है?

दोस्त, भदौरिया समुदाय का एक नही बल्की कई पारंपरिक व्यवसाय माना जाता है जैसे की,
- सैन्य सेवा (योद्धा परंपरा):
दोस्त, भदौरिया समुदाय को चंदेल वंशज से जोडा गया है । और चंदेल वंश प्राचीन काल से आज तक सैन्य सेवा से जुडा है। दूसरा की यह समुदाय राजपूत जाति का हिस्सा है । और राजपूत जाति के लोग प्राचीन काल में और आज सैन्य सेवा से जुडे है। इसलिए भदौरिया का पारंपरिक व्यवसाय सैन्य सेवा रहा है। - कृषि एवं भू-स्वामित्व:
दोस्त, भदौरिया प्राचीन काल में जमींदार या कृषक के रुप में जाने जाते थे । यह बुंदेलखंड की ऊबड़-खाबड़ ज़मीन पर खेती करते हुए गेहूँ, चना, दलहन पैदा किया था। और आज भी यह समुदाय कृषि से जुडा है। इसलिए ऐसा कहते है कि भदौरिया का पारंपरिक व्यवसाय कृषि करना और भू स्वामित्व है। - शासक और ज़मींदार:
दोस्त, भदौरिया समुदाय ने प्राचीन काल में राजाओं के रुप में सासन करते थे। और इनके पर जमीन का मोटा हिस्सा होता था। और आज भी इनके पास जमीन का मोटा हिस्सा है। जहां पर यह शासन करते है। इसलिए भदौरिया समुदाय का पारंपरिक व्यवसाय शासन करना और जमींदारी करना रहा है।
इस तरह से दोस्त, भदौरिया समुदाय का कई पारंपरिक व्यवसाय है।
भदौरिया कहां पर रहते है?
दोस्त, भदौरिया अपने भारत के कई राज्यों मे वास करते है। मगर मुख्य रुप से यह भदावर क्षेत्र यानि आगरा, इटावा, भिंड, धौलपुर में सबसे ज्यादा रहते है। इसके अलावा उत्तर प्रदेश , मध्य प्रदेश और राजस्थान मे इनकी संख्या देखी जाती है।
आइए अब हम जानते है कि भदौरिया कौनसे धर्म के होते है,
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दोस्त, भदौरिया उपनाम असल में हिंदू धर्म को मानता है, क्योकी यह राजपूत समुदाय से आता है ओर राजपूत समुदाय एक हिंदू धर्म का पालन करता है । इसलिए दोस्त, भदौरिया असल में हिंदू धर्म से होते है।
अंत में ध्यान रहे कि भदौरिया मुख्य रुप से ओबीसी में आते है मगर यह सामान्य जाति में भी सामिल हो सकते है।
आशा है कि जानकारी आपको पसंद आई होगी, अब आपको कुछ पूछना है तो कमेंट कर देना।